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कांग्रेस नव संकल्प शिविर: गहन मंथन के बाद बदलाव के लिये तैयार हुई पार्टी
By Lokjeewan Daily - 16-05-2022

 लेकसिटी उदयपुर में आयोजित हुए कांग्रेस के तीन दिवसीय नव संकल्प शिविर  में कई अहम और बड़े फैसले लिए गए हैं. शिविर में छह अलग-अलग ग्रुप की ओर से किए गए मंथन और सुझावों के बाद पहले कांग्रेस वर्किंग कमेटी में इन प्रस्तावों हरी झंडी दी गई और बाद में ओपन सेशन में इन्हें पारित किया गया. इन प्रस्तावों के मुताबिक आगामी दिनों में पार्टी में बड़े बदलाव (Big changes) देखने को मिलेंगे. ओपन सेशन में राष्ट्रीय महासचिव अजय माकन ने इन प्रस्तावों को पढ़ा जिन्हें बाद में पारित किया गया.

इस शिविर में पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी समेत राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और देशभर से पार्टी के सभी आला नेता तथा संगठन पदाधिकारी जुटे थे. शिविर के समापन सत्र में रविवार को राहुल गांधी ने पार्टी को एकजुटता और मेहनत का सूत्र देते हुये जनता पर फोकस करने का आह्वान किया. इस चिंतन शिविर के बाद एक कांग्रेस में एक नई ऊर्जा का संचार हुआ है. 

नव संकल्प शिविर में ये पारित किये गये ये प्रस्ताव
– अगले 90 से 180 दिनों में पूरे देश में ब्लॉक से लेकर जिला, प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर के खाली पदों पर नियुक्तियां हो जाएंगी.
– अब ब्लॉक कांग्रेस के साथ-साथ मंडल कांग्रेस कमिटियों का भी गठन होगा.
– संगठन में राष्ट्रीय स्तर पर 3 नए विभागों का गठन होगा.
– ‘पब्लिक इनसाइट डिपार्टमेंट’ बनेगा. यह विभिन्न विषयों पर जनता के विचार जानने और नीति निर्धारण के लिये तर्कसंगत फीडबैक कांग्रेस नेतृत्व को देंगे.
– ‘राष्ट्रीय ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट’ का गठन होगा. यह पार्टी की नीतियों, विचारधारा, दृष्टि, सरकार की नीतियों और मौजूदा ज्वलंत मुद्दों पर पार्टी के नेताओं व कार्यकर्ताओं को ट्रेनिंग देगा.
– केरल स्थित ‘राजीव गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ डेवलपमेंट स्टडीज’ से इस राष्ट्रीय ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट की शुरुआत होगी.
– AICC लेवल पर ‘इलेक्शन मैनेजमेंट डिपार्टमेंट’ बनेगा जिससे हर चुनाव की तैयारी प्रभावशाली तरीके से होगी.
– भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के महासचिव (संगठन) के तहत AICC से लेकर जिला कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों के कार्य का मूल्यांकन होगा.
– इसी के आधार पर पार्टी में फिर उन्हें प्रमोशन मिलेगा. निष्क्रिय पदाधिकारियों की छंटनी होगी.
– 5 वर्षों से अधिक कोई भी व्यक्ति एक पद पर नहीं रहेगा.
– नए लोगों को मौका दिया जाएगा.
– CWC, AICC, प्रदेश, जिला, ब्लॉक व मंडल पदाधिकारियों में 50 प्रतिशत पदाधिकारियों की आयु 50 वर्ष से कम होगी.
– राष्ट्रीय, प्रदेश, जिला, ब्लॉक व मंडल संगठनों की इकाइयों में दलितों, आदिवासियों, पिछड़ों, अल्पसंख्यकों और महिलाओं को ज्यादा प्रतिनिधित्व मिलेगा.
– संगठन में ‘एक व्यक्ति, एक पद’ का सिद्धांत लागू होगा.
– ‘एक परिवार, एक टिकट’ का नियम भी लागू होगा.
– यदि किसी के परिवार में दूसरा सदस्य राजनीतिक तौर से सक्रिय है तो पांच साल के संगठनात्मक अनुभव के बाद ही वह व्यक्ति कांग्रेस टिकट के लिए पात्र माना जाएगा
– उत्तर-पूर्व के प्रांतों के लिए गठित की गई ‘नॉर्थ ईस्ट को-ऑर्डिनेशन कमेटी’ के अध्यक्ष को CWC का आमंत्रित सदस्य बनाया जाएगा.
– CWC सदस्यों में से कांग्रेस अध्यक्ष की ओर से एक समूह का गठन किया जायेगा. यह समूह समय-समय पर जरूरी और महत्वपूर्ण राजनैतिक विषयों पर निर्णय लेने के लिये कांग्रेस अध्यक्ष को सुझाव देगा.
– हर राज्य के स्तर पर विभिन्न विषयों पर चर्चा करने और निर्णय के लिये एक ‘पॉलिटिकल अफेयर्स कमेटी’ का गठन होगा.
– अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी और प्रदेश कांग्रेस कमिटियों का सत्र साल में एक बार अवश्य होगा.
– जिला, ब्लॉक और मंडल कमेटियों की बैठक नियमित रूप से होगी.
– आजादी के 75 वर्ष पूरे होने पर हर जिला स्तर पर 9 अगस्त से 75 किलोमीटर लंबी पदयात्रा शुरू होगी.
– मीडिया व संचार विभाग के अधिकार क्षेत्र, कार्यक्षेत्र और ढांचे में बदलाव होगा.
– मीडिया, सोशल मीडिया, डाटा, रिसर्च, विचार विभाग आदि को संचार विभाग से जोड़ एक्सपर्ट्स की मदद से और प्रभावी बनाया जाएगा.

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