It is recommended that you update your browser to the latest browser to view this page.

Please update to continue or install another browser.

Update Google Chrome

संघ प्रमुख मोहन भागवत 14 को भीलवाड़ा पहुंचेंगे, जैन संत पुलक सागर से करेंगे गहन संवाद
By Lokjeewan Daily - 11-09-2026

- पुलक सागर चातुर्मास समिति ने शुरू की तैयारियां
भीलवाड़ा लोकजीवन। वस्त्रनगरी और धर्मनगरी के रूप में पहचान रखने वाला भीलवाड़ा आगामी 14 सितंबर को एक ऐतिहासिक आध्यात्मिक और सामाजिक क्षण का साक्षी बनने जा रहा है। आरएसएस के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत अपने चार दिवसीय राजस्थान प्रवास के अंतिम दिन भीलवाड़ा पहुंचेंगे। उनका कुल चार घंटे यहां प्रवास रहेगा।  मधुसुदन बहेडिय़ा के कुमुद विहार स्थित आवास पर उनका भोजन प्रसादी का कार्यक्रम रहेगा। संत पुलक सागर चातुर्मास समिति के अध्यक्ष प्रवीण चौधरी ने बताया कि मोहन भागवत के 14 सितंबर को सुबह 11 बजे आगमन को लेकर समिति ने भी तैयारियां शुरू कर दी है। भागवत के यहां संत पुलक सागर से करीब डेढ़ घंटे तक चर्चा की संभावना है।  यह मुलाकात न केवल धार्मिक दृष्टिकोण से बल्कि भारतीय संस्कृति, सामाजिक समरसता और राष्ट्रचिंतन के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। पुलक सागर महाराज से भेंट के बाद भागवत दिल्ली के लिए रवाना होंगे। इस मुलाकात का धार्मिक महत्व इसलिए भी अधिक है क्योंकि पूज्य पुलक सागर महाराज इन दिनों भीलवाड़ा में ही अपना चातुर्मास कर रहे हैं। उनके चातुर्मास को लेकर जैन समाज और श्रद्धालुओं में अपार उत्साह का माहौल है। अगस्त माह में उनके सानिध्य में ज्ञान गंगा महोत्सव सहित कई बड़े धार्मिक आयोजन संपन्न हुए हैं। संघ प्रमुख जहां एक ओर निरंतर राष्ट्र और समाज निर्माण के विषयों पर संवाद करते हैं, वहीं संत पुलक सागर महाराज अपने ओजस्वी प्रवचनों से समाज में संस्कार, आत्मचिंतन और मानवीय मूल्यों का संदेश फैला रहे हैं। ऐसे में इस मुलाकात पर पूरे प्रदेश के सामाजिक और राजनीतिक हल्कों की नजरें टिकी हुई हैं। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए स्थानीय पुलिस और प्रशासन ने पुख्ता इंतजाम शुरू कर दिए हैं। इस सबंध में गुरुवार को हुई बैठक में दिल्ली व जयपुर के अधिकारियों सहित स्थानीय जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, नगर निगम, सीआईडी अधिकारी मौजूद रहे। उधर भीलवाड़ा की धरा पर संघ प्रमुख और संत पुलक सागर महाराज का यह मिलन केवल दो विभूतियों की शिष्टाचार मुलाकात नहीं, बल्कि धर्म और राष्ट्रचिंतन के दो प्रमुख आयामों का एक मंच पर आना है। यह संवाद समाज में समरसता और सांस्कृतिक चेतना को नई दिशा देने में मील का पत्थर साबित होगा। गौरतलब है कि संघ प्रमुख डॉ. मोहन भागवत का राजस्थान प्रवास 11 सितंबर से शुरू होकर 14 सितंबर को भीलवाड़ा में संपन्न होगा। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 11 सितंबर को जोधपुर आगमन एवं रात्रि विश्राम, 12 सितंबर को नागौर जिले के गोटन स्थित एलके सिंहानिया एजुकेशन सेंटर के वार्षिकोत्सव में शिरकत, तत्पश्चात जोधपुर वापसी। 13 सितंबर को जोधपुर प्रांत के संघ कार्यकर्ताओं के साथ बैठक एवं संगठनात्मक विषयों पर चर्चा करेंगे।

अन्य सम्बंधित खबरे