
It is recommended that you update your browser to the latest browser to view this page.
Please update to continue or install another browser.
Update Google Chromeब्रेकिंग न्यूज़
- एसपी के नेतृत्व में मोबाइल बरामदगी में 128 प्रतिशत की ऐतिहासिक बढ़ोतरी
- आधुनिक निगरानी प्रणाली और जनजागरूकता से बदली पुलिसिंग की तस्वीर
भीलवाड़ा। खोया हुआ मोबाइल वापस मिल जाना आज के दौर में किसी वरदान से कम नहीं है, लेकिन भीलवाड़ा पुलिस ने अपनी कार्यशैली और आधुनिक तकनीक से इसे हकीकत में बदल दिया है। जिला पुलिस अधीक्षक श्री धर्मेंद्र सिंह के कुशल निर्देशन में भीलवाड़ा पुलिस ने वर्ष 2025 में गुमशुदा मोबाइल बरामदगी के क्षेत्र में कीर्तिमान स्थापित किया है। पुलिस ने न केवल आधुनिक यंत्रों का बेहतर उपयोग किया, बल्कि आमजन को भी इतना जागरूक किया कि बरामदगी की दर में पिछले वर्ष की तुलना में 128 प्रतिशत की भारी वृद्धि दर्ज की गई। इस सफलता ने तकनीक आधारित पुलिसिंग और प्रभावी निगरानी तंत्र के महत्व को सिद्ध कर दिया है। जिले में इस संपूर्ण व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करने का उत्तरदायित्व नोडल कार्मिक आरक्षक छोटू रेबारी निभा रहे हैं। उनके द्वारा तकनीकी समन्वय और पहचान संख्या के आधार पर मोबाइल को बंद करने व खोजने की जटिल प्रक्रिया को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जा रहा है। आमजन की बढ़ती जागरूकता का ही परिणाम है कि अब लोग स्वयं आगे आकर ऑनलाइन माध्यमों का उपयोग कर रहे हैं, जिससे पुलिस के लिए खोजबीन की राह और भी आसान हो गई है।
पुलिस कप्तान का संदेश, संचार साथी की मदद ले
एसपी यादव का कहना है कि हमारा मुख्य लक्ष्य आधुनिक तकनीक और जन-सहयोग के समन्वय से नागरिकों को त्वरित राहत पहुंचाना है। सीईआईआर पोर्टल और संचार साथी जैसे माध्यम आज अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी शस्त्र बन चुके हैं। मेरी आमजन से अपील है कि मोबाइल गुम होने पर घबराएं नहीं, बल्कि तत्काल सरकारी पोर्टल पर अपनी शिकायत दर्ज करें ताकि आपके उपकरण का दुरुपयोग रुक सके और उसकी बरामदगी सुनिश्चित हो।
2024 बनाम 2025 में बरामदगी
गत वर्ष 2024 में जहां पुलिस को 963 शिकायतें मिली थीं और केवल 440 मोबाइल बरामद हो पाए थे, वहीं वर्ष 2025 में सक्रियता का स्तर बड़ा और शिकायतों का आंकड़ा1624 तक जा पहुंचा। पुलिस की तकनीकी टीम ने दिन-रात एक कर इनमें से 1004 मोबाइल सफलतापूर्वक ढूंढ निकाले। यह आंकड़ा स्पष्ट करता है कि पुलिस की कार्यप्रणाली अब पहले से कहीं अधिक तेज और परिणामोन्मुख हो चुकी है।
नागरिकों के लिए आवश्यक मार्गदर्शिका
मोबाइल चोरी या गुम होने की स्थिति में नागरिक सबसे पहले राजस्थान पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट पर खोई हुई वस्तु की रिपोर्ट दर्ज करें। इसके पश्चात भारत सरकार के संचार साथी ऐप या आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपने मोबाइल की पहचान संख्या (आईएमईआई) और पहचान पत्र के साथ शिकायत दर्ज कराएं। ऐसा करने से आपका उपकरण तुरंत बंद कर दिया जाता है, जिससे डेटा चोरी का खतरा समाप्त हो जाता है और पुलिस के लिए उसे ढूंढना सरल हो जाता है।
मैकडॉवेल्स एक्स-सीरीज़ ने ‘एक्स मास्टर्स’ के पहले एडिशन के चैंपिय . . .
2026-01-02 15:12:47