
It is recommended that you update your browser to the latest browser to view this page.
Please update to continue or install another browser.
Update Google Chromeब्रेकिंग न्यूज़
भीलवाड़ा लोकजीवन। जिले के रूपाहेली ग्राम में बलाई समाज के साथ कथित रूप से अत्याचार, मारपीट और पूर्ण सामाजिक बहिष्कार का एक गंभीर मामला सामने आया है। इस अमानवीय कृत्य के विरोध में अखिल भारतीय बलाई महासभा ने सोमवार को कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन कर जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपकर दोषियों के खिलाफ तत्काल सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। महासभा के पदाधिकारियों द्वारा सौंपे गए शिकायत पत्र के अनुसार, विवाद की शुरुआत तब हुई जब कोटड़ी तहसील के दोबनी निवासी गोपाल लाल भट्ट (पंडित) ने कथित तौर पर एससी/एसटी समाज द्वारा दिए गए 'ब्रह्मभोज' में सम्मिलित न होने का आदेश जारी कर दिया। इसके बाद, बीती 8 जून 2026 को रूपाहेली गांव के हनुमान मंदिर में कुछ असामाजिक और दबंग तत्वों ने एक बैठक बुलाई। आरोप है कि इस बैठक में बलाई समाज से कोई भी दान, चंदा या सहायता न लेने और उनके मंदिर प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगाने का एकतरफा और अमानवीय निर्णय लिया गया। ज्ञापन में बताया गया है कि जब बलाई समाज के परिवारों ने अपने आत्मसम्मान की रक्षा के लिए हनुमान जी के मंदिर में होने वाले कार्यक्रम से दूरी बना ली, तो नाराज दबंगों ने पूरे समाज का 'हुक्का-पानी' बंद करने का तुगलकी फरमान जारी कर दिया। इसके तहत गांव के राशन दुकानदारों को बलाई समाज को सामान न देने, नाइयों को बाल न काटने और दवाई दुकानदारों को दवाइयां न देने के निर्देश दिए गए। आदेश का उल्लंघन करने वाले अन्य ग्रामीणों को भी गांव से निष्कासित करने की धमकी दी गई। इतना ही नहीं, बलाई समाज के बच्चों और महिलाओं को सार्वजनिक स्थानों पर रोककर जातिसूचक शब्दों से अपमानित करने और सरेआम मारपीट करने के भी गंभीर आरोप हैं। महासभा का आरोप है कि इस गंभीर घटना की रिपोर्ट भीलवाड़ा के सदर पुलिस थाने में दर्ज कराई गई थी, लेकिन पुलिस प्रशासन द्वारा अभी तक कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। समाज ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए मांगे रखी की मुख्य आरोपी गोपाल भट्ट पंडित को तुरंत गिरफ्तार किया जाए, उसकी पंडिताई समाप्त हो और वह सार्वजनिक रूप से माफी मांगे,. सर्व समाज एवं प्रशासन की एक संयुक्त जांच कमेटी गठित कर सामाजिक आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी हो, . समय पर उचित कार्रवाई और एफआईआर दर्ज न करने के कारण संपूर्ण सदर थाना अधिकारियों को बर्खास्त किया जाए, मारपीट और गाली-गलौज करने वालों के खिलाफ एससी/एसटी एक्ट के तहत तत्काल सख्त कदम उठाए जाएं। . गांव में किराना, नाई, ढोली और मेडिकल स्टोर आदि दुकानदारों द्वारा किए जा रहे सामाजिक बहिष्कार की तुरंत जांच कर कानूनी कार्रवाई हो। अखिल भारतीय बलाई महासभा के अजमेर संभाग अध्यक्ष गोवर्धन बलाई और भीलवाड़ा जिलाध्यक्ष हरीश कुमार सालवी ने कहा कि यदि प्रशासन ने जल्द ही पीड़ित समाज को न्याय और सुरक्षा प्रदान नहीं की, तो समाज न्याय की गुहार हेतु उग्र कदम उठाने के लिए मजबूर होगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन की होगी।
हल्दीघाटी युद्ध में केवल महाराणा प्रताप की हुई थी विजय, इतिहासका . . .
2026-06-17 13:15:47
कोटा से शुरू करेगी देशव्यापी 'छात्रों की गूंज' आंदोलन . . .
2026-06-17 13:13:30
तीर्थ यात्रा योजना में बुजुर्गों का जबरदस्त उत्साह, हवाई सफर की ब . . .
2026-06-16 14:59:07
एटीएम-कार्ड ठगी गिरोह का इनामी बदमाश गिरफ्तार . . .
2026-06-17 13:10:53
पटाखा फैक्ट्री में आग:मुख्य आरोपी कय्यूम खान को आज कोर्ट में पेश . . .
2026-06-17 13:08:25
पाकिस्तानी जासूस को गिरफ्तार,चाय की दुकान खोलकर पाकिस्तान के लिए . . .
2026-06-17 13:03:03