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अमेरिका के नेतृत्व में नौसैनिक युद्धाभ्यास पर भड़का उत्तर कोरिया
By Lokjeewan Daily - 04-08-2026

सोल । उत्तर कोरिया ने अमेरिका के नेतृत्व में हाल ही में आयोजित बहुराष्ट्रीय नौसैनिक अभ्यास रिम ऑफ द पैसिफिक (रिमपैक) को "आक्रामक युद्ध की रिहर्सल" करार दिया है। साथ ही उसने चेतावनी दी कि वह इसके जवाब में "प्रतिरोधक क्षमता को नए स्तर" पर ले जाएगा। उत्तर कोरिया की सरकारी समाचार एजेंसी केसीएनए में मंगलवार को एक सैन्य टिप्पणीकार के हवाले से प्रकाशित लेख में कहा कि रिमपैक अभ्यास दक्षिण कोरिया, अमेरिका और जापान के बीच बढ़ते सैन्य सहयोग का प्रतीक है और इसका उद्देश्य क्षेत्र में सैन्य दबदबा कायम करना है। योनहाप न्यूज एजेंसी के अनुसार, लेख में दावा किया गया कि इस बार अभ्यास में दक्षिण कोरिया और जापान की भूमिका पहले की तुलना में अधिक व्यापक रही, जिससे यह स्पष्ट होता है कि वाशिंगटन तीनों देशों के बीच सैन्य समन्वय और संयुक्त अभियान क्षमता को और मजबूत करना चाहता है।
केसीएनए ने अमेरिकी प्रशांत बेड़े के उप-कमांडर के उस बयान का भी उल्लेख किया, जिसमें कथित तौर पर कहा गया था कि दक्षिण कोरिया और जापान की भूमिका केवल प्रतीकात्मक नहीं, बल्कि वास्तविक सैन्य अभियानों के लिए महत्वपूर्ण है। उत्तर कोरिया ने इसे इस बात का प्रमाण बताया कि दुनिया के सबसे बड़े नौसैनिक अभ्यासों में शामिल रिमपैक का उद्देश्य संभावित सैन्य कार्रवाई की तैयारी करना है।
उत्तर कोरिया ने हाल के दक्षिण कोरिया-अमेरिका संयुक्त सैन्य प्रोग्राम्स (जिनमें बडी स्क्वाड्रन हवाई अभ्यास और संयुक्त रसद प्रशिक्षण शामिल हैं) की भी आलोचना की। प्योंगयांग का आरोप है कि ये गतिविधियां कोरियाई प्रायद्वीप में संभावित सैन्य संघर्ष की तैयारी का हिस्सा हैं।
लेख में कहा गया कि अमेरिका, जापान और दक्षिण कोरिया का त्रिपक्षीय सैन्य सहयोग अब "रेड लाइन" पार कर चुका है और यह एशिया-प्रशांत क्षेत्र में शांति एवं सुरक्षा के लिए नया संकट पैदा कर रहा है।
उत्तर कोरिया ने दोहराया कि वह किसी भी बढ़ते सैन्य खतरे का जवाब अपनी प्रतिरोधक क्षमता को उसी स्तर तक बढ़ाकर देगा। उसके अनुसार, देश की सुरक्षा नीति का मूल सिद्धांत यही है कि "नई स्तर के खतरे का मुकाबला नई स्तर की प्रतिरोधक क्षमता से किया जाएगा।"

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