
It is recommended that you update your browser to the latest browser to view this page.
Please update to continue or install another browser.
Update Google Chromeब्रेकिंग न्यूज़
जयपुर । मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने गुरुवार को शासन सचिवालय में जल जीवन मिशन के अंतर्गत राज्य में संचालित परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि मिशन के सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण किया जाए तथा भौतिक एवं वित्तीय प्रगति में अपेक्षित गति लाई जाए। उन्होंने कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में गुणवत्ता, पारदर्शिता एवं समयबद्धता सुनिश्चित करते हुए राज्य की उपलब्धियों को राष्ट्रीय स्तर पर प्रभावी रूप से स्थापित किया जाए।
मुख्य सचिव ने भौतिक रूप से पूर्ण हो चुकी योजनाओं का शीघ्र वित्तीय समापन सुनिश्चित करने तथा उनकी प्रगति को पोर्टल पर समय पर अद्यतन करने के निर्देश दिए। उन्होंने हर घर जल प्रमाणन, जल सेवा आकलन, सुजलाम भारत आईडी तैयार करने तथा जिला सुधार योजनाओं के शेष कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने पर जोर दिया।
बैठक में मिशन के अंतर्गत स्वीकृत योजनाओं, कार्यादेश जारी होने की स्थिति, लंबित निविदाओं, वित्तीय व्यय तथा योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि जिन योजनाओं में विभिन्न कारणों से प्रगति प्रभावित है, उनके अवरोधों का प्राथमिकता से निराकरण कर कार्यों में तेजी लाई जाए।
उन्होंने राष्ट्रीय जल जीवन मिशन स्तर पर लंबित प्रकरणों के त्वरित निस्तारण के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। विशेष रूप से आईएमआईएस पोर्टल पर योजनाओं की प्रविष्टि, कार्यादेशों के अद्यतन, वित्तीय समायोजन, एसएनए-स्पर्श मॉड्यूल पर योजनाओं के ऑनबोर्डिंग तथा अन्य तकनीकी विषयों का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया।
मुख्य सचिव ने 100 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली परियोजनाओं की डीपीआर की समीक्षा, लागत युक्तिकरण तथा तकनीकी परीक्षण की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि सभी प्रकरणों का परीक्षण शीघ्र पूर्ण कर आवश्यक प्रस्ताव एपेक्स समिति के माध्यम से राष्ट्रीय जल जीवन मिशन को भेजे जाएं।
उन्होंने ग्रामीण पेयजल योजनाओं के संचालन एवं संधारण की व्यापक नीति को शीघ्र अंतिम रूप देने के निर्देश दिए। इस संबंध में पंचायती राज विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के साथ आवश्यक समन्वय स्थापित कर संशोधित नीति को आगे बढ़ाने तथा राज्य एवं एपेक्स समिति की बैठकें शीघ्र आयोजित करने के भी निर्देश दिए दिए।
बैठक में जनजातीय क्षेत्रों एवं पीवीटीजी आबादी वाले क्षेत्रों में संचालित पेयजल योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। मुख्य सचिव ने इन क्षेत्रों से जुड़े लंबित मामलों का शीघ्र समाधान कर योजनाओं का लाभ पात्र परिवारों तक पहुंचाने के निर्देश दिए।
उन्होंने जिला स्तर पर मिशन की नियमित समीक्षा, ग्राम स्तर पर जल गुणवत्ता परीक्षण, हर घर जल प्रमाणन, योजनाओं के प्रभावी संचालन एवं सामुदायिक भागीदारी को मजबूत बनाने के निर्देश दिए। साथ ही संबंधित विभागों के मध्य समन्वय बढ़ाकर मिशन के सभी लक्ष्यों की समयबद्ध प्राप्ति सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में जल जीवन मिशन के अंतर्गत योजनाओं की स्वीकृतियों, वित्तीय प्रगति, व्यय, डीपीआर समीक्षा, केंद्र स्तर पर लंबित विषयों, ग्रामीण जलापूर्ति की संचालन एवं संधारण नीति, अंतरविभागीय समन्वय, वित्तीय आवश्यकताओं तथा आगामी कार्ययोजना की विस्तृत समीक्षा की गई।
इस अवसर पर जन स्वास्थ्य अभियान्त्रिकी एवं भू-जल विभाग के प्रमुख शासन सचिव हेमंत कुमार गेरा, जल जीवन मिशन के मिशन निदेशक एवं जन स्वास्थ्य अभियान्त्रिकी विभाग के पदेन शासन सचिव राजन विशाल सहित सम्बंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे ।
कोर्ट रूम छोड़कर सड़कों पर निकले जज, सड़क सुरक्षा के लिए की लग्जर . . .
2026-07-09 16:32:00
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का तीखा हमला : कहा- भाजपा सरकार के द . . .
2026-07-09 16:26:25
मुख्य सचिव ने की जल जीवन मिशन के कार्यों की समीक्षा, गुणवत्तापूर् . . .
2026-07-09 16:22:30
राज्य जीएसटी की बड़ी कार्रवाई -35 करोड़ रुपये की कर चोरी की आशंका . . .
2026-07-09 16:33:58
उपभोक्ता आयोग का बड़ा फैसला : साइबर फ्रॉड की राशि आने पर पूरा बैं . . .
2026-07-09 16:29:22
लाडो प्रोत्साहन योजना की समीक्षा, पात्र बालिकाओं को समयबद्ध लाभ स . . .
2026-07-09 16:24:19