मुख्य सामग्री पर जाएं

शनिवार, 07 नवम्बर 2026

लोकजीवन दैनिक
ई-पेपर
ब्रेकिंग
  • दीपावली पर 3 से 11 नवंबर तक जयपुर मेट्रो ट्रेन के समय एवं फेरो में बढ़ोतरी
  • जयपुर में नकली घी पैक करने वाली फैक्ट्री सीज:अलग-अलग ब्रांड का 35 हजार किलो घी का स्टॉक जब्त
  • नेपाल के एवरेस्ट क्षेत्र में मंगलवार सुबह लैंडिंग के दौरान दो हेलिकॉप्टर आपस में टकरा गए। हादसे में एक भारतीय पर्यटक की मौत , न्यूजीलैंड का एक भारतीय मूल का नागरिक घायल ।
  • चक्रवाती तूफान मुरासु आंध्र प्रदेश से आगे बढ़कर तेलंगाना की ओर चला गया है। हालांकि, इसका एक हिस्सा अब भी आंध्र के तट से गुजर रहा है।
भीलवाड़ा

दीपोत्सव पर अग्नि सुरक्षा हाई अलर्ट: शहर में दमकल वाहन और फायरसूट तैनात

- अग्निशमन विभाग का विशेष प्लान - पांच दिन रहेंगे पूरी तरह अलर्ट

ल

लोकजीवन संवाददाता

07 नवम्बर 2026, 01:47 PM 2 मिनट में पढ़ें

दीपोत्सव पर अग्नि सुरक्षा हाई अलर्ट: शहर में दमकल वाहन और फायरसूट तैनात

 भीलवाड़ा लोकजीवन न्यूज। धनतेरस के साथ दीपोत्सव का आगाज हो चुका है, लेकिन बाजारों की भीड़ और आतिशबाजी के बीच आगजनी का खतरा भी कई गुना बढ़ गया है। इसी जोखिम को देखते हुए भीलवाड़ा नगर निगम का अग्निशमन विभाग अगले पांच दिनों तक पूरी तरह अलर्ट मोड पर रहेगा। जानकारी के अनुसार, शहर में आगजनी की किसी भी आपात स्थिति पर तत्काल काबू पाने के लिए कुल 7 दमकल वाहन तैनात किए जा रहे हैं। संकरी गलियों में बड़ी गाडिय़ों के पहुंचने में होने वाली परेशानी को ध्यान में रखते हुए एक विशेष छोटी गाड़ी भी तैयार रखी गई है।  फायर स्टेशन इंचार्ज छोटूराम ने बताया कि एक दमकल सिटी कंट्रोल रूम के बाहर और दूसरी सिटी कोतवाली के बाहर तैनात रहेगी। इसके अलावा, शहर के पटरी पार क्षेत्र के लिए पटलनेर फायर स्टेशन के पास दो दमकल वाहन रिजर्व रहेंगे, जबकि तीन दमकलें नगर निगम के मुख्य अग्निशमन केंद्र पर उपलब्ध रहेंगी। आग बुझाने के दौरान दमकलकर्मियों की सुरक्षा के लिए 5 नए फायरसूट और हेलमेट मंगवाए गए हैं। साथ ही, सभी गाडय़िों में फोम केमिकल की व्यवस्था की गई है ताकि जरूरत पडऩे पर आग पर तुरंत काबू पाया जा सके। दीपोत्सव के दौरान विभाग के सभी 32 कर्मचारी चौबीसों घंटे मुस्तैद रहकर निगरानी करेंगे।  प्रशासन और अग्निशमन विभाग अपनी पूरी तैयारी के साथ मुस्तैद हैं, लेकिन सुरक्षा केवल विभाग की जिम्मेदारी नहीं है। बाजारों में रास्ते अवरुद्ध न करना, बिजली के खुले तारों के पास आतिशबाजी से बचना और घरों में दीयों को सुरक्षित जगह पर रखना नागरिकों की सतर्कता को दर्शाता है। थोड़ी सी सावधानी ही दीपावली की खुशियों को सुरक्षित रख सकती है।

यह खबर अपने दोस्तों के साथ साझा करें

और भी भीलवाड़ा की खबरें

और देखें